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ATH से कितना नीचे

यह कॉइन अपने सबसे अच्छे दिनों से कितनी दूर खड़ा है? मौजूदा भाव और ऑल-टाइम हाई डालिए — ड्रॉडाउन कितने परसेंट का है, और पुराने टॉप तक लौटने के लिए कितना चढ़ना बाकी है।

दोनों खाने एक ही यूनिट में भरिए — आम तौर पर डॉलर, क्योंकि ATH वहीं दर्ज मिलता है। किसी कॉइन का ऑल-टाइम हाई CoinGecko / CoinMarketCap पर उसके पेज पर All-Time High में मिल जाएगा।

ATH से नीचे

ड्रॉडाउन का मतलब सिर्फ़ इतना है

ड्रॉडाउन यानी अपने सबसे ऊँचे भाव से कितना नीचे आ चुके हैं। फ़ॉर्मूला: (ऑल-टाइम हाई − मौजूदा भाव) ÷ ऑल-टाइम हाई × 100। टॉप ₹100 था, भाव अभी ₹40 है — ड्रॉडाउन 60%। जिसे लोग आधा हो गया कहते हैं वह 50% वाला ड्रॉडाउन ही है। नंबर डालते ही ऊपर वाला पैनल यह भी बता देता है कि आप किस दायरे में खड़े हैं, ताकि एक अकेला परसेंट देखकर अंदाज़ा न लगाना पड़े कि वह बड़ा है या मामूली।

टॉप तक वापसी वाला नंबर ज़्यादा चुभता है

60% ड्रॉडाउन सुनकर कई लोग सोचते हैं कि इतना बुरा भी नहीं। सवाल पलटते ही तस्वीर बदल जाती है: यहाँ से पुराने टॉप तक पहुँचने के लिए कितना चढ़ना होगा? हिसाब है (ऑल-टाइम हाई − मौजूदा भाव) ÷ मौजूदा भाव। 60% गिरा हुआ कॉइन टॉप पर लौटने के लिए 150% माँगता है; आधा गिरा हुआ पूरा दोगुना। यही नंबर पैनल की दूसरी लाइन में है, और ड्रॉडाउन से ज़्यादा साफ़ बताता है कि फँसी हुई रकम निकलना कितना मुश्किल है। भारत में बैठे निवेशक के लिए इसमें एक परत और जुड़ती है: भाव टॉप पर लौट भी आए तो बेचते वक़्त मुनाफ़े पर 30% टैक्स और ट्रांसफ़र पर 1% TDS (Section 393(1), पहले 194S) जैसे प्रावधान लागू होते हैं, इसलिए स्क्रीन वाली वापसी और जेब वाली वापसी एक जगह नहीं बैठतीं। यह आयकर नियमों के मौजूदा प्रावधानों के अनुसार है; यह टैक्स सलाह नहीं है — अपनी स्थिति के लिए CA से पूछें। वापसी का यही गणित प्रॉफ़िट/लॉस · ब्रेकईवन वाले टूल में भी चलता है।

गहरा ड्रॉडाउन सस्ते का सबूत नहीं

सबसे आम फिसलन यहीं है — बहुत गिर गया है को सीधे सस्ता है, ले लेते हैं पढ़ लेना। ड्रॉडाउन बस बीते हुए भाव का ब्योरा है; इसमें आगे की कोई ख़बर नहीं होती। 70% का ड्रॉडाउन एक बड़े, सालों से टिके कॉइन पर और अभी-अभी लिस्ट हुए किसी छोटे कॉइन पर बिल्कुल अलग बात कहता है। बड़े कॉइन साइकिल में गहरा गिरकर आगे नए टॉप बनाते रहे हैं, जबकि बहुत सारे छोटे कॉइन का गिरना असल में वैल्यू का एकतरफ़ा जाना निकलता है। ऑल-टाइम हाई हमेशा किसी भरोसेमंद डेटा साइट से उठाइए, किसी Telegram ग्रुप में तैरते स्क्रीनशॉट से नहीं। लाल रंग में लिखा बड़ा परसेंट अपने आप में मौका नहीं होता। इसे कई पैमानों में से एक रखिए और बुल और बेयर मार्केट कैसे पहचानें के साथ मिलाकर देखिए।

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

ड्रॉडाउन निकालते कैसे हैं?
ड्रॉडाउन = (ऑल-टाइम हाई − मौजूदा भाव) ÷ ऑल-टाइम हाई × 100। टॉप 100 था और भाव अभी 40 है तो (100−40)÷100×100 यानी टॉप से 60% नीचे। यह नंबर जितना बड़ा, एसेट अपने सबसे अच्छे दिनों से उतना ही दूर खड़ा है।
किसी कॉइन का ऑल-टाइम हाई कहाँ देखें?
CoinGecko या CoinMarketCap पर उस कॉइन के पेज पर All-Time High वाला खाना होता है, जिसमें भाव और तारीख़ दोनों लिखी रहती हैं। यहाँ भरते वक़्त एक बात का ध्यान रखिए: दोनों खाने एक ही यूनिट के हों। ATH डॉलर में और मौजूदा भाव रुपये में डाल दिया तो नतीजा बेमतलब आएगा।
ड्रॉडाउन ज़्यादा है तो क्या खरीदने का मौका है?
ज़रूरी नहीं। ड्रॉडाउन सिर्फ़ इतना बताता है कि टॉप से कितना नीचे आ चुका है — यह नहीं कि वापस ऊपर जाएगा। कई एसेट का गिरना असल में वैल्यूएशन का ठीक होना होता है, और कुछ अपने पुराने टॉप तक कभी लौटते ही नहीं। इसे कई पैमानों में से एक मानिए; अकेले इसे ख़रीद का सिग्नल समझना और यह मान लेना कि वापसी पक्की है, दोनों ग़लत हैं। बाकी होमवर्क वैसे ही करना है।

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